ग़ज़ल,,, दर्दे दिल की एक कहानी लिखना है

दर्दे दिल की एक कहानी लिखना है
आया क्यों आंखों में पानी लिखना है

सुनकर उनके दिल का हाल लगा मुझको
गहरी है ये प्रीत दिवानी लिखना है

इश्क मुहब्बत प्यार इसे ही कहते हैं
आई है फिर एक जवानी लिखना है

अपने दिल का राज छुपाके तुम रक्खो
हमको इसकी एक निशानी लिखना है

आंखों के उजले उजले सपनें को अब
रंगों से भरकर अंजानी, लिखना है

प्रेम दिवानों का किस्सा दुहराकर के
मिलने की रुत एक सुहानी लिखना है

सागर  की  गहराई  में  उतरें  रंजन
पागल दिल की है नादानी लिखना है

आलोक रंजन इंदौरवी

Comments

  1. बहुत बहुत बहुत खूब बेहतरीन अश्आर

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    1. जी शुक्रिया आभार आदरणीय

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